पढ़ाई के तरीके
अच्छे नोट्स कैसे बनाएँ?
छोटा जवाब
अच्छे नोट्स छोटे होते हैं, आपके अपने शब्दों में, और ऐसे सजे होते हैं कि बाद में खुद को परख सकें। Cornell जैसे तरीकों में सवाल और सारांश पहले से जुड़े होते हैं।
एक वाक्य में
नोट्स बनाना किसी पाठ, किताब या वीडियो के ज़रूरी विचारों को छोटे और सजे हुए रूप में लिखना है, ताकि आप बाद में उनसे सीख सकें।
समझिए
नोट्स टीचर की हर बात की नक़ल नहीं होते। हर शब्द लिखने की कोशिश में आप सोचना बंद कर देते हैं। अच्छे नोट्स में मुख्य विचार, ज़रूरी शब्द, उदाहरण और सवाल होते हैं, आपके अपने शब्दों में। किसी बात को अपने शब्दों में लिखना सारांश बनाने का छोटा रूप है: पहले आपको उसे समझना पड़ता है।
नोट्स सजाने के कई तरीके हैं:
- रूपरेखा नोट्स (outline notes): शीर्षक, और उनके नीचे अंदर की ओर खिसके हुए बिंदु। सुव्यवस्थित पाठों के लिए अच्छे हैं।
- माइंड मैप: विचारों के आपसी संबंध दिखाने के लिए अच्छे हैं।
- Cornell नोट्स: यह तरीका 1950 के दशक में कॉर्नेल यूनिवर्सिटी के वॉल्टर पॉक (Walter Pauk) ने विकसित किया था। पन्ने के तीन हिस्से होते हैं: नोट्स के लिए चौड़ा स्तंभ, संकेतों (सवाल और मुख्य शब्द) के लिए बाईं ओर संकरा स्तंभ, और सारांश के लिए नीचे एक पट्टी।
Cornell नोट्स इसलिए लोकप्रिय हैं कि वे दोहराने का साधन बन जाते हैं। नोट्स वाला स्तंभ ढक दीजिए, संकेत वाले स्तंभ के सवाल पढ़िए और याद से जवाब देने की कोशिश कीजिए। यही active recall है।
आप जो भी तरीका अपनाएँ, सबसे कीमती कदम पाठ के बाद आता है। उसी दिन अपने नोट्स पढ़िए, जो साफ़ न हो उसे ठीक कीजिए और सवाल जोड़िए। जिन नोट्स को आप दोबारा देखते ही नहीं, वे ज़्यादा काम के नहीं।
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स्केल
रबर
उदाहरण
Cornell नोट्स का ढाँचा:
| संकेत स्तंभ | नोट्स स्तंभ |
|---|---|
| Evaporation (वाष्पीकरण) क्या है? | गर्म होने पर द्रव गैस बनता है, जैसे धूप में गड्ढे का पानी सूखना |
| जल चक्र में यह कहाँ होता है? | समुद्र, झील, नदी → जलवाष्प ऊपर उठती है |
| सारांश | वाष्पीकरण में द्रव पानी भाप बनता है; इसी से जल चक्र शुरू होता है। |
काम के संक्षिप्त रूप: e.g. (उदाहरण के लिए), i.e. (यानी), ↑ (बढ़ना), ↓ (घटना), → (इसका नतीजा), ≈ (लगभग)।
आम गलतियाँ
- शब्द-दर-शब्द नक़ल करना। वाक्य नहीं, विचार लिखिए।
- नोट्स को इतना सुंदर बनाना कि पूरे ही न हों। पढ़ने लायक साफ़ होना काफ़ी है; रंग मुख्य शब्दों के लिए बचाकर रखिए।
- उन्हें कभी इस्तेमाल न करना। सवाल जोड़िए और खुद को परखिए।
- सब कुछ हाइलाइट कर देना। अगर पूरा पन्ना पीला है, तो कुछ भी अलग नहीं दिखता।
छोटा क्विज़
नोट्स बनाना (Note-taking)
4 छोटे सवालों से जाँचें कि आप कितना जानते हैं।
सवाल 1 / 4
नोट्स अपने शब्दों में लिखना बेहतर क्यों है?
अभ्यास करें
करके देखो
नोट्स और पढ़ाई के टेम्पलेट प्रिंट कीजिए
बड़ों के लिए
जुड़े हुए विषय
सारांश लिखना (Summarising)
सारांश लिखने का मतलब है किसी पाठ के सबसे ज़रूरी विचारों को अपने शब्दों में संक्षेप में दोहराना, छोटे ब्योरे और उदाहरण छोड़कर।
माइंड मैप (Mind maps)
माइंड मैप एक चित्र है जिसके बीच में मुख्य विचार होता है और उससे जुड़े विचार शाखाओं में फैलते हैं। इससे विषय को सँजोना और आपसी संबंध देखना आसान होता है।
सक्रिय स्मरण (Active recall)
एक्टिव रिकॉल का मतलब है दोबारा पढ़ने के बजाय याददाश्त से जानकारी निकालकर खुद को परखना। दोहराई (रिवीज़न) के सबसे भरोसेमंद तरीकों में से यह एक है।
परीक्षा की तकनीक (Exam technique)
परीक्षा तकनीक उन हुनरों का समूह है जिनसे परीक्षा के दिन प्रश्नपत्र अच्छे से हल होता है, जैसे प्रश्न ध्यान से पढ़ना, अंकों से समय की योजना बनाना और अपना काम जाँचना।
रिवीज़न टाइमटेबल (Revision timetable)
रिवीज़न टाइमटेबल इस बात की योजना है कि क्या और कब दोहराना है। अच्छे टाइमटेबल में छोटे सत्र होते हैं, विषय मिले-जुले होते हैं, विषय अंतराल के बाद दोबारा आते हैं और आराम का समय रहता है।
अंतराल पर दोहराना (Spaced repetition)
Spaced repetition का मतलब है जो सीखा है उसे बीच में अंतराल देकर कई बार दोहराना, सब कुछ एक साथ रटने की जगह। अंतराल यादों को ज़्यादा टिकाऊ बनाते हैं।